नागपुर (ख़बरगुरु) 30 सितम्बर : विजयादशमी के मौके पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने आरएसएस कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए देश और समाज हित से जुड़े तमाम मुद्दों पर बात की साथ ही उन्होंने रोहिंग्या मुसलमानों को राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा बताया। कार्यक्रम की शुरुआत संघ प्रमुख मोहन भागवत ने शस्त्र पूजा करके की. इस मौके पर कार्यकर्ताओं ने मार्च निकाला , इस दौरान ने भागवत ने कहा कि देश 70 साल में पहली बार आजादी महसूस कर रहा है.
मोहन भागवत ने कहा कि सारी दुनिया में हमारी साख बढ़ी है. उन्होंने कहा, ‘हमारी सुरक्षा के लिए सीमा पर जवान जान की बाजी लगाकर कर्तव्य का निर्वहन कर रहे हैं. उनको कैसी सुविधाएं मिल रही हैं. उनको साधन संपन्न बनाने के लिए हमें अपनी गति बढ़ानी पड़ेगी.
भागवत ने कहा कि महिला वर्ग लेकर ”बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” जैसी योजनाएं भी चल रही हैं। स्वच्छता अभियान जैसे उपक्रमों से नागरिकों में कर्तव्य भावना का संचार कर उनकी सहभागिता भी प्राप्त की जा रही है। देश के अंदर भी अनेक व्यवस्थाओं में छोटे, बड़े सुधारों का प्रयास, चिन्तन में भी कहीं कहीं मूलगामी बदलाव के प्रयास, जनमानस में नवीन आशा व साथसाथ अपेक्षाओं का भी सृजन कर रहे हैं। बहुत कुछ हो रहा है, होगा इसके साथ जो हो रहा है उसमें, तथा और अधिक कुछ होना चाहिये उसको लेकर समाज में चर्चाएं चल रही है।

